तत्सम और तद्भव शब्दों का अर्थ स्पष्ट कीजिए।
आदर्श उत्तर
तत्सम एवं तद्भव शब्दों का अर्थ तथा उदाहरण:
- 1. तत्सम शब्द (तत् + सम् = उसके समान): संस्कृत भाषा के वे मूल शब्द जो बिना किसी ध्वनि-परिवर्तन के अपने मूल रूप में ज्यों-के-त्यों हिन्दी में प्रयुक्त होते हैं।
उदाहरण: अग्नि, दुग्ध, कर्ण, सूर्य, रात्रि। - 2. तद्भव शब्द (तत् + भव = उससे उत्पन्न): संस्कृत के वे शब्द जो प्राकृत, अपभ्रंश से होते हुए समय के साथ रूप-विकार (ध्वनि परिवर्तन) के साथ हिन्दी में प्रयुक्त होते हैं।
उदाहरण: आग, दूध, कान, सूरज, रात।
In English (Question & Model Answer)
तत्सम और तद्भव शब्दों का अर्थ स्पष्ट कीजिए।
[Note for English Medium Aspirants]: As per official MPPSC Examination Rules, Paper 5 (General Hindi & Grammar / सामान्य हिन्दी एवं व्याकरण) must be attempted exclusively in Hindi (Devanagari script). The authentic Hindi model answer is provided below.
तत्सम एवं तद्भव शब्दों का अर्थ तथा उदाहरण:
- 1. तत्सम शब्द (तत् + सम् = उसके समान): संस्कृत भाषा के वे मूल शब्द जो बिना किसी ध्वनि-परिवर्तन के अपने मूल रूप में ज्यों-के-त्यों हिन्दी में प्रयुक्त होते हैं।
उदाहरण: अग्नि, दुग्ध, कर्ण, सूर्य, रात्रि। - 2. तद्भव शब्द (तत् + भव = उससे उत्पन्न): संस्कृत के वे शब्द जो प्राकृत, अपभ्रंश से होते हुए समय के साथ रूप-विकार (ध्वनि परिवर्तन) के साथ हिन्दी में प्रयुक्त होते हैं।
उदाहरण: आग, दूध, कान, सूरज, रात।