भारतीय स्टेट बैंक के प्रधान कार्यालय द्वारा बैंक के सभी शाखा प्रबंधकों को एक परिपत्र लिखिए जिसमें निर्देश हो कि लघु उद्योगों को प्राथमिकता से ऋण उपलब्ध कराया जाए।
परिपत्र का मानक प्रशासनिक प्रारूप (Circular Draft):
भारतीय स्टेट बैंक
प्रधान कार्यालय, मुम्बई
पत्रांक: एसबीआई/प्रधान/ऋण/2019/542 दिनांक: 15 अक्टूबर, 2019
प्रति,
समस्त शाखा प्रबंधक,
भारतीय स्टेट बैंक (समस्त शाखाएँ, भारत)।
परिपत्र
विषय: सूक्ष्म एवं लघु उद्योगों (MSME) को प्राथमिकता के आधार पर सुलभ ऋण उपलब्ध कराने बावत्।
महोदय/महोदया,
भारत सरकार तथा भारतीय रिज़र्व बैंक के प्राथमिकता प्राप्त क्षेत्र उधारी (Priority Sector Lending) संबंधी दिशा-निर्देशों के अनुपालन में, देश में स्वरोजगार एवं आर्थिक संवृद्धि को बढ़ावा देने के उद्देश्य से यह निर्देशित किया जाता है कि सभी शाखाएँ अपने क्षेत्र के सूक्ष्म एवं लघु उद्योगों (Micro & Small Enterprises) को ऋण वितरण में सर्वोच्च प्राथमिकता प्रदान करें।
प्रमुख दिशा-निर्देश निम्नलिखित हैं:
- लघु उद्योगों से प्राप्त सभी ऋण आवेदनों का निस्तारण अधिकतम 15 कार्यदिवसों के भीतर सुनिश्चित किया जाए।
- पात्र उद्यमियों को 'मुद्रा योजना' एवं 'क्रेडिट गारंटी ट्रस्ट (CGTMSE)' के अंतर्गत संपार्श्विक-मुक्त (Collateral-free) ऋण उपलब्ध कराया जाए।
- ऋण आवेदन निरस्त करने की स्थिति में कारण का स्पष्ट उल्लेख किया जाए तथा वरिष्ठ प्रबंधक का अनुमोदन अनिवार्य हो।
सभी शाखा प्रबंधक उक्त निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करें तथा मासिक प्रगति रिपोर्ट प्रधान कार्यालय को प्रेषित करें।
(हस्ताक्षर)
(आर. के. शर्मा)
मुख्य महाप्रबंधक (ऋण)
भारतीय स्टेट बैंक, प्रधान कार्यालय
In English (Question & Model Answer)
भारतीय स्टेट बैंक के प्रधान कार्यालय द्वारा बैंक के सभी शाखा प्रबंधकों को एक परिपत्र लिखिए जिसमें निर्देश हो कि लघु उद्योगों को प्राथमिकता से ऋण उपलब्ध कराया जाए।
[Note for English Medium Aspirants]: As per official MPPSC Examination Rules, Paper 5 (General Hindi & Grammar / सामान्य हिन्दी एवं व्याकरण) must be attempted exclusively in Hindi (Devanagari script). The authentic Hindi model answer is provided below.
परिपत्र का मानक प्रशासनिक प्रारूप (Circular Draft):
भारतीय स्टेट बैंक
प्रधान कार्यालय, मुम्बई
पत्रांक: एसबीआई/प्रधान/ऋण/2019/542 दिनांक: 15 अक्टूबर, 2019
प्रति,
समस्त शाखा प्रबंधक,
भारतीय स्टेट बैंक (समस्त शाखाएँ, भारत)।
परिपत्र
विषय: सूक्ष्म एवं लघु उद्योगों (MSME) को प्राथमिकता के आधार पर सुलभ ऋण उपलब्ध कराने बावत्।
महोदय/महोदया,
भारत सरकार तथा भारतीय रिज़र्व बैंक के प्राथमिकता प्राप्त क्षेत्र उधारी (Priority Sector Lending) संबंधी दिशा-निर्देशों के अनुपालन में, देश में स्वरोजगार एवं आर्थिक संवृद्धि को बढ़ावा देने के उद्देश्य से यह निर्देशित किया जाता है कि सभी शाखाएँ अपने क्षेत्र के सूक्ष्म एवं लघु उद्योगों (Micro & Small Enterprises) को ऋण वितरण में सर्वोच्च प्राथमिकता प्रदान करें।
प्रमुख दिशा-निर्देश निम्नलिखित हैं:
- लघु उद्योगों से प्राप्त सभी ऋण आवेदनों का निस्तारण अधिकतम 15 कार्यदिवसों के भीतर सुनिश्चित किया जाए।
- पात्र उद्यमियों को 'मुद्रा योजना' एवं 'क्रेडिट गारंटी ट्रस्ट (CGTMSE)' के अंतर्गत संपार्श्विक-मुक्त (Collateral-free) ऋण उपलब्ध कराया जाए।
- ऋण आवेदन निरस्त करने की स्थिति में कारण का स्पष्ट उल्लेख किया जाए तथा वरिष्ठ प्रबंधक का अनुमोदन अनिवार्य हो।
सभी शाखा प्रबंधक उक्त निर्देशों का कड़ाई से पालन सुनिश्चित करें तथा मासिक प्रगति रिपोर्ट प्रधान कार्यालय को प्रेषित करें।
(हस्ताक्षर)
(आर. के. शर्मा)
मुख्य महाप्रबंधक (ऋण)
भारतीय स्टेट बैंक, प्रधान कार्यालय