'ताँत बजी और राग बूझा' इस कहावत का अर्थ लिखिए और वाक्य में प्रयोग कीजिए।
आदर्श उत्तर
'ताँत बजी और राग बूझा' लोकोक्ति/कहावत:
- अर्थ: किसी कार्य या बात के प्रारंभ होते ही उसके अंत या वास्तविक मर्म/परिणाम को समझ लेना; अथवा बात शुरू होते ही रहस्य समझ जाना।
- वाक्य प्रयोग: "वकील साहब ने जैसे ही अपनी दलील शुरू की, चतुर जज महोदय सब समझ गए; सच है—'ताँत बजी और राग बूझा'।"
In English (Question & Model Answer)
'ताँत बजी और राग बूझा' इस कहावत का अर्थ लिखिए और वाक्य में प्रयोग कीजिए।
[Note for English Medium Aspirants]: As per official MPPSC Examination Rules, Paper 5 (General Hindi & Grammar / सामान्य हिन्दी एवं व्याकरण) must be attempted exclusively in Hindi (Devanagari script). The authentic Hindi model answer is provided below.
'ताँत बजी और राग बूझा' लोकोक्ति/कहावत:
- अर्थ: किसी कार्य या बात के प्रारंभ होते ही उसके अंत या वास्तविक मर्म/परिणाम को समझ लेना; अथवा बात शुरू होते ही रहस्य समझ जाना।
- वाक्य प्रयोग: "वकील साहब ने जैसे ही अपनी दलील शुरू की, चतुर जज महोदय सब समझ गए; सच है—'ताँत बजी और राग बूझा'।"