Home›MPPSC Mains (Eng)›Hindi Essay & Draft Writing›Hindi Essay & Draft Writing›Report/Note Writing (15 marks)›श्री गोपेशकुमार, राजभाषा अधिकारी, गृहमन्त्रालय, नई दिल्ली के सम्बन्ध

श्री गोपेशकुमार, राजभाषा अधिकारी, गृहमन्त्रालय, नई दिल्ली के सम्बन्ध में प्राप्त गोपनीय आदेश के अनुसार आवश्यक जानकारियाँ प्राप्त करने हेतु सचिव, सतर्कता विभाग द्वारा की गयी छान बीन का प्रतिवेदन लिखिए।

202013M
Model Answer

[Note for English Medium Aspirants]: As per official MPPSC Examination Rules, Paper 6 (Hindi Essay and Administrative Drafting / हिन्दी निबंध एवं प्रारूप लेखन) must be attempted exclusively in Hindi (Devanagari script) by all candidates regardless of their opted medium for GS1–GS4. Answers written in English are not evaluated in the actual examination. The authentic Hindi model answer is provided below for your preparation.

प्रारूप लेखन: गोपनीय सतर्कता छानबीन प्रतिवेदन (Confidential Vigilance Inquiry Report)

अत्यंत गोपनीय (STRICTLY CONFIDENTIAL)

मुख्य सतर्कता अधिकारी (CVO) का कार्यालय
गृह मन्त्रालय, भारत सरकार
नॉर्थ ब्लॉक, नई दिल्ली - 110001

फा.क्र.: मु.स.अ./गृहमं/गोप-जांच/2020/914                                                 नई दिल्ली, दिनांक: 08 दिसम्बर 2020

सेवा में,
गृह सचिव महोदय,
गृह मन्त्रालय, भारत सरकार, नई दिल्ली।

विषय: श्री गोपेश कुमार, राजभाषा अधिकारी (समूह-'क'), राजभाषा विभाग, गृह मन्त्रालय के संबंध में प्राप्त गोपनीय आदेशानुसार प्राथमिक छानबीन का गोपनीय प्रतिवेदन।

संदर्भ: गृह मन्त्रालय का गोपनीय आदेश क्रमांक 12/गोप/सत/2020, दिनांक 10 नवम्बर 2020।

महोदय,

उपर्युक्त संदर्भित गोपनीय आदेश के अनुपालन में श्री गोपेश कुमार, राजभाषा अधिकारी के सेवा अभिलेखों, वार्षिक संपत्तियों तथा परिवाद में उल्लेखित तथ्यों की सतर्कता विभाग द्वारा अत्यंत निष्पक्ष एवं गोपनीय छानबीन की गई। जांच के निष्कर्ष बिंदुवार सादर प्रस्तुत हैं:

  • सेवा अभिलेख एवं सत्यनिष्ठा: अधिकारी के विगत 10 वर्षों के वार्षिक कार्य निष्पादन मूल्यांकन प्रतिवेदनों (APAR) का गहन परीक्षण किया गया। सेवाकाल में उनका मूल्यांकन सदैव 'उत्कृष्ट' (Outstanding) रहा है तथा सक्षम प्राधिकारियों द्वारा उनकी सत्यनिष्ठा निरंतर 'संदेहातीत' (Beyond Doubt) प्रमाणित की गई है।
  • चल-अचल संपत्ति विवरण: अधिकारी द्वारा प्रतिवर्ष प्रस्तुत अचल संपत्ति विवरणी (IPR) एवं उनके बैंक खातों का मिलान उनके ज्ञात वैध आय स्रोतों से किया गया। परीक्षण में कोई भी अनुपातहीन संपत्ति (Disproportionate Asset) अथवा वित्तीय अनियमिता नहीं पाई गई।
  • गोपनीय परिवाद का परीक्षण: राजभाषा सम्मेलनों एवं अनुवाद सॉफ्टवेयर क्रय में लगाए गए आरोप पूर्णतः मनगढ़ंत, तथ्यहीन तथा दुर्भावना से प्रेरित पाए गए। समस्त शासकीय क्रय प्रक्रियाएं GeM पोर्टल के माध्यम से पूर्णतः नियमानुकूल संपन्न हुई हैं।

अंतिम संस्तुति:
प्रथम दृष्टया अधिकारी के विरुद्ध कोई भी प्रशासनिक या वित्तीय कदाचार प्रमाणित नहीं होता है। अतः संस्तुति की जाती है कि श्री गोपेश कुमार को पूर्ण सतर्कता अनापत्ति (Vigilance Clearance) प्रदान की जाए तथा संबंधित गोपनीय परिवाद को नस्तीबद्ध (File & Close) कर दिया जाए।

सादर प्रस्तुतकर्ता,
हस्ताक्षर/-
(संजय मल्होत्रा, भा.प्र.से.)
सचिव / मुख्य सतर्कता अधिकारी (CVO)
सतर्कता प्रभाग, गृह मन्त्रालय, भारत सरकार

संलग्नक: सेवा पुस्तिका एवं APAR सारांश, अचल संपत्ति परीक्षण पत्रक एवं जेम (GeM) निविदा अभिलेख।

हिंदी में प्रश्न एवं आदर्श उत्तर

श्री गोपेशकुमार, राजभाषा अधिकारी, गृहमन्त्रालय, नई दिल्ली के सम्बन्ध में प्राप्त गोपनीय आदेश के अनुसार आवश्यक जानकारियाँ प्राप्त करने हेतु सचिव, सतर्कता विभाग द्वारा की गयी छान बीन का प्रतिवेदन लिखिए।

प्रारूप लेखन: गोपनीय सतर्कता छानबीन प्रतिवेदन (Confidential Vigilance Inquiry Report)

अत्यंत गोपनीय (STRICTLY CONFIDENTIAL)

मुख्य सतर्कता अधिकारी (CVO) का कार्यालय
गृह मन्त्रालय, भारत सरकार
नॉर्थ ब्लॉक, नई दिल्ली - 110001

फा.क्र.: मु.स.अ./गृहमं/गोप-जांच/2020/914                                                 नई दिल्ली, दिनांक: 08 दिसम्बर 2020

सेवा में,
गृह सचिव महोदय,
गृह मन्त्रालय, भारत सरकार, नई दिल्ली।

विषय: श्री गोपेश कुमार, राजभाषा अधिकारी (समूह-'क'), राजभाषा विभाग, गृह मन्त्रालय के संबंध में प्राप्त गोपनीय आदेशानुसार प्राथमिक छानबीन का गोपनीय प्रतिवेदन।

संदर्भ: गृह मन्त्रालय का गोपनीय आदेश क्रमांक 12/गोप/सत/2020, दिनांक 10 नवम्बर 2020।

महोदय,

उपर्युक्त संदर्भित गोपनीय आदेश के अनुपालन में श्री गोपेश कुमार, राजभाषा अधिकारी के सेवा अभिलेखों, वार्षिक संपत्तियों तथा परिवाद में उल्लेखित तथ्यों की सतर्कता विभाग द्वारा अत्यंत निष्पक्ष एवं गोपनीय छानबीन की गई। जांच के निष्कर्ष बिंदुवार सादर प्रस्तुत हैं:

  • सेवा अभिलेख एवं सत्यनिष्ठा: अधिकारी के विगत 10 वर्षों के वार्षिक कार्य निष्पादन मूल्यांकन प्रतिवेदनों (APAR) का गहन परीक्षण किया गया। सेवाकाल में उनका मूल्यांकन सदैव 'उत्कृष्ट' (Outstanding) रहा है तथा सक्षम प्राधिकारियों द्वारा उनकी सत्यनिष्ठा निरंतर 'संदेहातीत' (Beyond Doubt) प्रमाणित की गई है।
  • चल-अचल संपत्ति विवरण: अधिकारी द्वारा प्रतिवर्ष प्रस्तुत अचल संपत्ति विवरणी (IPR) एवं उनके बैंक खातों का मिलान उनके ज्ञात वैध आय स्रोतों से किया गया। परीक्षण में कोई भी अनुपातहीन संपत्ति (Disproportionate Asset) अथवा वित्तीय अनियमिता नहीं पाई गई।
  • गोपनीय परिवाद का परीक्षण: राजभाषा सम्मेलनों एवं अनुवाद सॉफ्टवेयर क्रय में लगाए गए आरोप पूर्णतः मनगढ़ंत, तथ्यहीन तथा दुर्भावना से प्रेरित पाए गए। समस्त शासकीय क्रय प्रक्रियाएं GeM पोर्टल के माध्यम से पूर्णतः नियमानुकूल संपन्न हुई हैं।

अंतिम संस्तुति:
प्रथम दृष्टया अधिकारी के विरुद्ध कोई भी प्रशासनिक या वित्तीय कदाचार प्रमाणित नहीं होता है। अतः संस्तुति की जाती है कि श्री गोपेश कुमार को पूर्ण सतर्कता अनापत्ति (Vigilance Clearance) प्रदान की जाए तथा संबंधित गोपनीय परिवाद को नस्तीबद्ध (File & Close) कर दिया जाए।

सादर प्रस्तुतकर्ता,
हस्ताक्षर/-
(संजय मल्होत्रा, भा.प्र.से.)
सचिव / मुख्य सतर्कता अधिकारी (CVO)
सतर्कता प्रभाग, गृह मन्त्रालय, भारत सरकार

संलग्नक: सेवा पुस्तिका एवं APAR सारांश, अचल संपत्ति परीक्षण पत्रक एवं जेम (GeM) निविदा अभिलेख।

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